कोविड-19 के हालात पर प्रधानमंत्री ने मुख्यमंत्रियों के साथ की बैठक…जानिए इस बैठक में हुआ क्या?

देश में कोविड-19 महामारी का संकट धीरे-धीरे बढ़ने से चिंतित होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस बैठक में प्रधानमंत्री मोदी ने अलग-अलग राज्यों में कोविड-19 के बढ़ते मामलों को लेकर समीक्षा की।

प्रधानमंत्री मोदी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए समीक्षा बैठक की

देश में कोविड-19 महामारी का संकट धीरे-धीरे बढ़ने से चिंतित होकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ समीक्षा बैठक की। इस बैठक में प्रधानमंत्री ने अलग-अलग राज्यों में कोविड-19 के बढ़ते मामलों को लेकर समीक्षा की। इस समीक्षा बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह भी में शामिल हुए। इस बैठक में बिहार, पश्चिम बंगाल, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, पंजाब, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, छत्तीसगढ़, उत्तराखंड, झारखंड समेत दूसरे राज्यों के मुख्यमंत्री भी शामिल हुए।

प्रधानमंत्री मोदी ने राज्य सरकारों के साथ बेहतरीन समन्वय की बात कही

इस समीक्षा बैठक के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अगले कुछ हफ्तों में विशेष फोकस टेस्ट, ट्रेसिंग, आइशोलेशन तथा क्वारंटाइन पर होना चाहिए। उन्होंने इस बैठक में मेडिकल इन्फ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने, आवश्यक दवाओं और चिकित्सा उपकरणों के निर्माण तथा इनकी आपूर्ति बनाए रखने का भी जिक्र किया। वहीं इस बैठक के दौरान राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखने के अपने प्रयासों का जिक्र, संदिग्धों की ट्रैकिंग, निजामुद्दीन के तबलीगी जमात के मरकज के संदिग्ध मामलों की पहचान और उनकी क्वारंटाइन का क्वारंटाइन का भी जिक्र किया। राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने प्रधानमंत्री से लॉक डाउन को बढ़ाए जाने को लेकर सवाल पूछे, क्या लॉक डाउन को बढ़ाने का प्लान है, तो मुख्यमंत्रियों से बात करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हम कोशिश कर रहे हैं कि राज्य सरकारों से बेहतरीन समन्वय स्थापित किया जा सके, क्योंकि कोरोना की लड़ाई हम सबको मिलकर लड़नी है, केंद्र सरकार हर कदम पर राज्य सरकारों का साथ देगी।

मुख्यमंत्रियों को कोविड-19 से निपटने की तैयारियों से अवगत कराया गया

इस समीक्षा बैठक में केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव लव अग्रवाल ने मौजूद राज्यों के मुख्यमंत्रियों को देश में कोविड-19 के बढ़ते केस, तबलीगी जमात के मकरज से कोरोना वायरस का प्रसार और मेडिकल केस से निपटने की तैयारियों से अवगत कराया। ध्यान रहे कि अब तक पूरे देश में कोरोना पॉजिटिव केस करीब 2400 पहुंच चुके हैं। अब तक देश में कोरोना पॉजिटिव के सबसे ज्यादा 416 मामले महाराष्ट्र में आए हैं, जबकि तमिलनाडु 309 कोरोना पॉजिटिव केस के साथ दूसरे, केरल 286 कोरोना पॉजिटिव केस के साथ तीसरे, तथा दिल्ली 209 कोरोना पॉजिटिव केस के साथ चौथे नंबर पर है। इससे पहले 20 मार्च को प्रधानमंत्री ने राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग से बात की थी।

खांडू ने अपने ट्वीट पर सफाई दी

इस समीक्षा बैठक के बाद अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने ट्वीट कर कहा था कि 21 दिनों का देशव्यापी लॉक डाउन खत्म होने के बाद भी 15 अप्रैल से लोगों को एहतियात बरतना होगा। हालांकि, ट्वीट के कुछ देर बाद खांडू ने सफाई देते हुए कहा कि लॉक डाउन की अवधि के संबंध में ट्वीट एक अधिकारी द्वारा अपलोड किया गया था, जिसकी हिंदी में समझ सीमित थी,  इसलिए उसको हटा दिया गया है। ध्यान रहे कि पेमा खांडू पहले जारी ट्वीट में कहा गया था कि लॉक डाउन की डेडलाइन 15 अप्रैल को खत्म हो रही है, लेकिन इसका मतलब यी नहीं है कि हम सड़कों पर आजादी से घूमने लगे, हमें ऐसे में एहतियात बरतना होगा।

लॉक डाउन का पालन करने की अपील

गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने कोविड-19 महामारी के कारण 25 मार्च से 14 अप्रैल तक 21 दिनों का देशव्यापी लॉक डाउन लागू किया था, जो अभी जारी है। इस महामारी से निपटने के लिए केंद्र सरकार और राज्यों की सरकारें मिलकर काम कर रही हैं, लोगों से अपील की जा रही कि वह लॉक डाउन का पालन करें और अपने घरों में ही रहें।

Load More Related Articles
Load More By RN Prasad
Load More In देश

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Check Also

रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा- CBSE रिजल्ट से असंतुष्ट छात्रों को अगस्त में मिलेगा परीक्षा देने का मौका

केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने आज सीबीएसई की 12वीं बोर्ड परीक्षा परिणाम से …